रितेश कनौजिया की रिपोर्ट: बस्ती
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!बस्ती पुलिस को ठगी के एक बड़े मामले में महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह के निर्देशन में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना कलवारी, स्वाट टीम और सर्विलांस सेल की संयुक्त कार्रवाई में तीन अंतरजनपदीय ठगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन लाख रुपये नकद और करीब 3.092 किलोग्राम पीली धातु (नकली सोना) बरामद किया है।
संयुक्त पुलिस टीम ने की कार्रवाई
अपर पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी कलवारी के पर्यवेक्षण में गठित संयुक्त पुलिस टीम ने थाना कलवारी और थाना पुरानी बस्ती में दर्ज मामलों की जांच के दौरान कार्रवाई करते हुए 3 जून 2026 को अगौना बाजार से लगभग 200 मीटर पहले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों का संबंध अंतरजनपदीय ठगी गिरोह से है, जो लोगों को नकली सोना और चांदी बेचकर ठगी की घटनाओं को अंजाम देते थे।
गिरफ्तार किए गए आरोपी
पुलिस ने जिन तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, उनमें शामिल हैं:
- शंकर सोलंकी (28 वर्ष), निवासी चिपयाना बुजुर्ग, थाना विसरख, गौतमबुद्ध नगर।
- मीरा सोलंकी (46 वर्ष), निवासी पंचविहार कॉलोनी, लालकुआं, गौतमबुद्ध नगर।
- धाबु देवी (65 वर्ष), निवासी पंचविहार कॉलोनी, लालकुआं, गौतमबुद्ध नगर।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
तीन लाख नकद और नकली सोना बरामद
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से पुलिस ने विभिन्न ठगी की घटनाओं से संबंधित 3 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। इसके अलावा लगभग 3.092 किलोग्राम वजन की पीली धातु की मटरदाना लड़ी भी बरामद की गई है, जिसे आरोपी नकली सोने के रूप में लोगों को बेचते थे।
पुलिस ने बरामद सामग्री को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
ऐसे देते थे ठगी को अंजाम
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी अपने साथ नकली सोना और चांदी रखते थे। इसके साथ ही वे कुछ असली आभूषण भी साथ रखते थे ताकि लोगों का विश्वास जीत सकें।
आरोपी पहले लोगों को असली सोने और चांदी के आभूषण दिखाकर भरोसा दिलाते थे। इसके बाद कम कीमत में सोना बेचने का लालच देकर नकली धातु को असली बताकर बेच देते थे और मौके से फरार हो जाते थे।
महिलाओं का भी करते थे इस्तेमाल
पुलिस के अनुसार गिरोह अपनी गतिविधियों को छिपाने और लोगों का भरोसा जीतने के लिए महिलाओं को भी साथ रखता था।
महिला सदस्य लोगों से बातचीत कर उन्हें विश्वास में लेती थीं। कई मामलों में महिलाएं ही आभूषणों को असली बताकर सस्ते दामों में बेचने का झांसा देती थीं, जिससे लोगों को आसानी से धोखा दिया जा सके और किसी को संदेह भी न हो।
कई मामलों की जांच जारी
पुलिस का मानना है कि गिरफ्तार गिरोह के सदस्य अन्य जिलों में भी इसी प्रकार की ठगी की घटनाओं में शामिल हो सकते हैं। इसलिए उनके आपराधिक इतिहास और अन्य मामलों की जांच की जा रही है।
पूछताछ के आधार पर पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गिरोह ने किन-किन क्षेत्रों में लोगों को अपना शिकार बनाया और उनके साथ कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।
पुलिस टीम की सराहनीय कार्रवाई
इस सफल कार्रवाई में थाना कलवारी पुलिस, स्वाट टीम और सर्विलांस सेल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। संयुक्त टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और सूचनाओं के आधार पर गिरोह को पकड़ने में सफलता हासिल की।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अपराधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और जनता को ठगी जैसी घटनाओं से बचाने के लिए लगातार कार्रवाई की जाएगी।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे सोना, चांदी या अन्य कीमती वस्तुएं खरीदते समय केवल अधिकृत और विश्वसनीय विक्रेताओं से ही खरीदारी करें।
यदि कोई व्यक्ति बाजार मूल्य से बहुत कम कीमत पर सोना या अन्य बहुमूल्य वस्तु बेचने का प्रस्ताव दे, तो सतर्क रहें और इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। जागरूकता और सावधानी से ही इस प्रकार की ठगी की घटनाओं को रोका जा सकता है।

