अम्बेडकर नगर में मिलावटी मिठाइयों और बासी समोसों की बिक्री का आरोप, ग्रामीणों ने खाद्य सुरक्षा विभाग से कार्रवाई की मांग की।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!अनुराग तिवारी, ब्यूरो चीफ अम्बेडकर नगर।
अम्बेडकरनगर जिले के विकासखंड जहांगीरगंज क्षेत्र के पदुमपुर चौराहे पर स्थित श्री बाला जी स्वीट हाउस छोला समोसा कोल्ड ड्रिंक शॉप पर मिलावटी मिठाइयों और बासी खाद्य सामग्री की बिक्री के आरोपों को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए संबंधित अधिकारियों से तत्काल जांच और कार्रवाई की मांग की है।
स्थानीय लोगों के अनुसार दुकान पर तैयार की जाने वाली विभिन्न मिठाइयों, जिनमें लड्डू, पेड़ा, बर्फी, रसगुल्ला, छेना, गुलाब जामुन, बालूशाही तथा खोवा आदि शामिल हैं, में मिलावट किए जाने की आशंका है। ग्रामीणों का आरोप है कि इन खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता संदिग्ध है, जिससे उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया है कि दुकान पर तैयार किए जाने वाले समोसे कई बार बासी तेल और खराब सामग्री का उपयोग कर बनाए जाते हैं। उनका कहना है कि पुराने समोसों को दोबारा गर्म करके ग्राहकों को परोसा जाता है। क्षेत्र के कुछ लोगों ने दावा किया कि ऐसे खाद्य पदार्थों के सेवन के बाद कई लोग अस्वस्थ हुए हैं।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा नियमित निरीक्षण और प्रभावी कार्रवाई न किए जाने के कारण मिलावटखोरी पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। लोगों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद अब तक संबंधित विभाग की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
इसके अलावा कुछ स्थानीय लोगों ने दुकान संचालक पर ग्राहकों के साथ अभद्र व्यवहार करने का भी आरोप लगाया है। उनका कहना है कि शिकायत करने पर ग्राहकों को संतोषजनक जवाब नहीं दिया जाता और उन्हें अनदेखा किया जाता है।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी तथा अन्य संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि श्री बाला जी स्वीट हाउस की स्थलीय जांच कराई जाए। साथ ही मिठाइयों, खोवा और अन्य खाद्य सामग्री के नमूने लेकर प्रयोगशाला में परीक्षण कराया जाए। लोगों का कहना है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वालों पर प्रभावी रोक लग सके।

