रिपोर्ट: शेषनाथ पाठक, गोरखपुर
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!गोरखपुर जनपद में साइबर अपराधों की बढ़ती घटनाओं को रोकने और आम नागरिकों को जागरूक बनाने के उद्देश्य से पुलिस विभाग द्वारा “हर घर साइबर सुरक्षा” अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक अपराध के नेतृत्व में संचालित इस विशेष अभियान के अंतर्गत जनपद के सभी थाना क्षेत्रों में व्यापक साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
अभियान का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करना और उन्हें ऑनलाइन ठगी व धोखाधड़ी से सुरक्षित रखना है। इसके लिए पुलिस टीम गांवों, कस्बों और शहरों में पहुंचकर लोगों को साइबर सुरक्षा के महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दे रही है।
जनपद भर में चलाया जा रहा विशेष अभियान
“हर घर साइबर सुरक्षा” अभियान के तहत गोरखपुर जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस टीमों द्वारा गांव, तहसील, मुख्य बाजार, विद्यालय, प्रशिक्षण संस्थान, प्रशासनिक कार्यालय, डाकघर, बैंक, सीएसपी केंद्र और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
पुलिसकर्मी विभिन्न स्थानों पर साइबर सुरक्षा संबंधी पोस्टर चस्पा कर रहे हैं और आम लोगों को पंपलेट वितरित कर साइबर अपराधों से बचाव के उपायों की जानकारी दे रहे हैं।
घर-घर पहुंच रही पुलिस
अभियान की विशेषता यह है कि पुलिस केवल सार्वजनिक स्थानों तक सीमित नहीं है, बल्कि घर-घर पहुंचकर लोगों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक कर रही है। पुलिस टीम नागरिकों को ऑनलाइन लेन-देन करते समय बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में विस्तार से जानकारी दे रही है।
लोगों को बताया जा रहा है कि किसी भी अनजान लिंक, कॉल या संदेश पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें और अपनी व्यक्तिगत एवं बैंकिंग जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
डिजिटल अरेस्ट और एपीके फ्रॉड पर विशेष फोकस
जागरूकता अभियान के दौरान पुलिस द्वारा डिजिटल अरेस्ट, एपीके फ्रॉड, निवेश धोखाधड़ी, फेक न्यूज और म्यूल अकाउंट जैसे साइबर अपराधों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि साइबर अपराधी नए-नए तरीकों से लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। इसलिए नागरिकों का जागरूक होना बेहद जरूरी है।
लोगों को समझाया जा रहा है कि किसी भी संदिग्ध ऐप को डाउनलोड न करें और निवेश से जुड़े आकर्षक ऑफर या अधिक लाभ के झूठे वादों से सावधान रहें।
साइबर हेल्पलाइन 1930 की दी जा रही जानकारी
अभियान के दौरान नागरिकों को साइबर अपराध होने की स्थिति में तुरंत कार्रवाई करने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। पुलिस लोगों को राष्ट्रीय साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 के बारे में जानकारी दे रही है।
अधिकारियों ने बताया कि यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार होता है तो उसे बिना समय गंवाए 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज करानी चाहिए, ताकि समय रहते धनराशि को सुरक्षित कराने और अपराधियों तक पहुंचने की कार्रवाई की जा सके।
विद्यार्थियों और युवाओं को किया जा रहा जागरूक
विद्यालयों और प्रशिक्षण संस्थानों में भी विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। छात्रों और युवाओं को सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड, फेक प्रोफाइल और साइबर बुलिंग जैसे विषयों पर जानकारी दी जा रही है।
पुलिस का मानना है कि युवा वर्ग इंटरनेट का सबसे अधिक उपयोग करता है, इसलिए उन्हें साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक बनाना बेहद आवश्यक है।
सुरक्षित डिजिटल समाज की दिशा में पहल
गोरखपुर पुलिस का यह अभियान डिजिटल सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस विभाग का उद्देश्य प्रत्येक परिवार को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक कर सुरक्षित डिजिटल वातावरण तैयार करना है।
अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें और साइबर सुरक्षा संबंधी नियमों का पालन करें।

