ब्यूरो रिपोर्टर सत्य प्रकाश शुक्ला
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सीतापुर। जनपद में शिक्षा व्यवस्था को लेकर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) गोरखनाथ पटेल द्वारा किए गए औचक निरीक्षण में कई खामियां सामने आईं। निरीक्षण के दौरान विद्यालयों और ब्लॉक संसाधन केंद्र (बीआरसी) पर कुल 9 शिक्षक एवं कर्मचारी बिना सूचना के अनुपस्थित पाए गए, जिस पर बीएसए ने कड़ी कार्रवाई करते हुए संबंधितों का वेतन एवं मानदेय रोकने के निर्देश दिए।
बीएसए ने पिसावां विकासखंड के विभिन्न विद्यालयों का निरीक्षण किया। प्राथमिक विद्यालय वजीरनगर (कम्पोजिट) में 11 स्टाफ में से 5 शिक्षक एवं शिक्षामित्र अनुपस्थित मिले। विद्यालय में 150 नामांकित छात्रों के सापेक्ष केवल 45 छात्र उपस्थित पाए गए। विद्यालय परिसर में गंदगी और शौचालयों की खराब स्थिति पर भी नाराजगी जताई गई।
इसके बाद प्राथमिक विद्यालय गौरासी कला में 65 नामांकित छात्रों के मुकाबले मात्र 5 छात्र उपस्थित मिले। वहीं प्राथमिक विद्यालय पिसावां-1 में 152 नामांकित छात्रों के बावजूद एक भी छात्र उपस्थित नहीं था। बीएसए ने शिक्षकों को छात्रों के घर जाकर संपर्क करने और उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए।
बीआरसी पिसावां के निरीक्षण में भी चार कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। कार्यालय की स्टॉक एवं व्यय पंजिकाएं अधूरी मिलीं तथा परिसर और शौचालयों में गंदगी पाई गई। बीएसए ने अनुपस्थित कर्मचारियों का एक दिन का वेतन एवं मानदेय रोकते हुए कार्यालय की व्यवस्था सुधारने, रंगाई-पुताई कराने तथा 10 दिनों के भीतर अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
बीएसए ने कहा कि विद्यालयों में छात्रों की कम उपस्थिति और कर्मचारियों की लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा भविष्य में भी औचक निरीक्षण जारी रहेंगे।

